हिन्दी blogger hindi-kavita gourav-baloria romantic विषय के अनुसार पढ़ें: प्रेम और मोहब्बत विरह और दर्द तुझमें रब को पाया ✍️ Gourav Baloria · 13 Jun 2025 कोई हज को निकला, कोई काशी में नहाया हमने तेरा नाम लिया, तुझमें रब को पाया। कोई प्रार्थनाएँ पढ़े, कोई अज़ान दिए जाए हमने तेरा नाम लिया, तुझमें रब को पाया। कोई रब को ही झुठलाए, कोई तर्क सजाए हमने तेरा नाम लिया, तुझमें रब को पाया। साझा करें · Share WhatsApp Facebook X 📋 Copy Link ← पिछली रचना वो अदा कौन सी है अगली रचना → मुझको कौन भीगाएगा Next